Tag: मंत्र का उपयोग
गर्भ रक्षा हेतु
गर्भधारण के पश्चात गर्भ न गिरे इसके लिए अविवाहित कन्या द्वारा काते गए। सूत को निम्न मंत्र से अभिमंत्रित करके तावीज बनाकर स्त्री के गले…
रजो दोष
स्त्री को जब तक साफ मासिक स्त्राव नहीं होगा तब तक गर्भधारण की कोई संभावना नहीं होती। अतः गर्भधारण हेतु निम्न मंत्र को 1008 बार…
स्त्री रोग निवारण
गर्भधारण मंत्र- जिस स्त्री को गर्भ न रहता हो तो उस स्त्री को के बाद नहा-धोकर मृगछाला पर पवित्र मन से बैठकर संतान प्राप्ति का…
कमर पीड़ा निवारण
यह निम्न मंत्र 108 बार जाप करने से सिद्ध हो जाता है । फिर अविवाहित कन्या के हाथ का काता हुआ सूत लेकर उस सूत…
गठिया निवारण
ॐ मूलनमः धरुक्षतमः जाहि-जाहि ध्वांक्ष तमः । प्रकीर्ण अंग पस्तार प्रस्तार मुंच मुंच।। इस मंत्र के द्वारा मंगलवार के दिन मोर पंख से झाड़ना चाहिए।…
ज्वर नाशक
कुछ लोगों को ज्वर से बहुत दिनों तक कष्ट होता है। रोगी दवा खाते-खाते परेशान हो जाता है, परंतु मुक्त नहीं हो पाता। ॐ नमो…
पीलिया निवारण
एक कांसे की पैंदीदार कटोरी में सरसों का तेल लेकर रोगी के मस्तक पर चंदन लेप की तरह सात बार मंत्र का उच्चारण करते हुए…
ग्रह नाशक
इस मंत्र को बार-बार पढ़कर बच्चे के ऊपर हाथ फेरने या कुशा से जल छिड़कने से सभी प्रकार की बीमारियां दूर होती हैं। मंत्र ऐं…
सिरदर्द हेतु
मंत्र निसुनीह रोई बद कर मेघ गरजहि निसु। न दीपक हलुथर फुफनिबेरि फूनि डमरू न बजे निसुनहि कलह निम्न फटु काच मई ।। इस मंत्र…
वीर्य स्तंभन
अपामार्ग (एक वटी) को सोमवार की शाम को निमंत्रण दे आवें और मंगलवार का प्रातः उखाड़ लावें । मैथुन के समय इसे कमर में बांध…

